वंदे भारत में यात्रियों की कमी:वंदेभारत एक्सप्रेस की आधी सीटें भी नहीं भर रहीं, 1065 किराया देना पड़ रहा भारी

641

बिलासपुर-नागपुर के बीच 130 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चलकर केवल 4 घंटे में रायपुर से नागपुर पहुंचाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस में 40 से 45 फीसदी सीटें ही बुक हो रही हैं। केवल रविवार को आंकड़ा 50 से 55 फीसदी पहुंच रहा है। हालांकि ट्रेन की रफ्तार और उसमें उपलब्ध करायी जा रही सुविधा से उम्मीद की जा रही थी कि ट्रेन रोज फुल रहेंगी। सीटों के लिए मारामारी मचेगी, लेकिन स्थिति अभी तक अलग है। माना जा रहा है कि ट्रेन का किराया लोगों को भारी पड़ रहा है। वंदे भारत एक्सप्रेस का किराया अन्य एक्सप्रेस ट्रेनों की तुलना में तीन गुना अधिक है।

एक्सप्रेस ट्रेनों में जहां लोग ढाई सौ तक में रायपुर से नागपुर पहुंच जाते हैं वहीं इस ट्रेन में 1065 तक चार्ज देना पड़ रहा है। वंदे भारत में यात्रियों की कमी ने रेलवे के अधिकारियों की बेचैनी बढ़ा दी है। हालांकि अफसरों का कहना है कि अभी शुरूआत है, इसलिए यात्री कम हैं, लेकिन धीरे-धीरे यात्रियों की संख्या में इजाफा होगा। बिलासपुर-नागपुर-बिलासपुर वंदे भारत एक्सप्रेस शनिवार को छोड़कर सप्ताह में छह दिन चल रही है। ट्रेन दोनों छोर से संचालित की जा रही है। रेलवे ने इस ट्रेन का रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव एवं गोंदिया स्टेशनों में स्टॉपेज दिया हैं।

ट्रेन में 16 कोच हैं, जिनमें 14 चेयर कार और 2 एग्जीक्यूटिव चेयर कार हैं। कुल 1128 सीटें हैं। इसमें से रोजाना केवल 450 से 500 और रविवार को 600 के करीब यात्री सफर कर रहे हैं। बाकी सीटें खाली जा रही हैं। रायपुर से नागपुर तक वंदे भारत एक्सप्रेस के एक्जीक्यूटिव चेयर कार का 1890 रुपये तो वहीं चेयर कार का 1065 रुपये है। वहीं इसी रुट पर चलने वाली एक्सप्रेस ट्रेनों का किराया ढाई सौ से 300 रुपये है। किराया ज्यादा होने के कारण ही यात्री वंदे भारत की जगह अन्य एक्सप्रेस ट्रेन को पहली प्राथमिकता दे रहे हैं।

160 किमी प्रति घंटे स्पीड की क्षमता पर 130 ही दौड़ रही
वंदे भारत एक्सप्रेस 160 किमी प्रति घंटे की अधिकतम गति तक चल सकती है। फिलहाल इसे 130 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से ही चलाया जा रहा है। इसकी वजह है कि सीआरएस की टीम ने रेलवे ट्रैक को देखते हुए 130 तक दौड़ाने की अनुमति दी है। 160 की स्पीड से चलने पर दिक्कत आ सकती है।

एसी ट्रेन और आटोमेटिक गेट
यह ट्रेन पूरी तरह से वातानुकूलित और इसमें ऑटोमेटिक गेट लगे हैं। इस ट्रेन में सिक्योरिटी के लिहाज से सीसीटीवी भी लगाए गए हैं। इस ट्रेन के लगेज रैक में एलईडी डिफ्यूज लाइट्स लगी हैं, जो अक्सर विमानों में लगी होती हैं, लेकिन उसके बाद भी यात्री नहीं मिल रहे हैं।
बिलासपुर से सबसे ज्यादा सवार हो रहे यात्री

रेल अफसरों के अनुसार वंदे भारत एक्सप्रेस में सबसे ज्यादा यात्री बिलासपुर से नागपुर तक सफर कर रहे हैं। वहीं दूसरे नंबर पर रायपुर से यात्री सवार हो रहे हैं। यात्री बिलासपुर से सुबह 6.45 बजे ट्रेन पकड़ रहे हैं और दोपहर 12.15 बजे नागपुर पहुंच जा रहे हैं। यात्रियों के पास दो घंटे का समय है। इस दौरान वह अपना काम निपटाकर इसी ट्रेन में नागपुर से दोपहर 2.05 बजे सवार होकर शाम 7.35 बजे बिलासपुर पहुंच रहे हैं। इससे यात्रियों के समय की बचत हो रही है। वर्जन

“वंदेभारत एक्सप्रेस में रोजाना 40 प्रतिशत और छुट्टी के दिन यात्रियों की संख्या में इजाफा हो जाता है। अभी शुरूआत है, धीरे-धीरे यात्रियों की संख्या में इजाफा होगा।”