15 june 2020

City News – CN      City news logo

रायपुर। माना कोविड-19 अस्पताल में चिकित्सक के कोरोना पॉजिटिव आने के बाद लापरवाह स्वास्थ्य विभाग ने चिकित्सा कर्मियों के क्वारंटाइन किए जाने के नियम में बदलाव किया है। इसके साथ ही राज्य शासन के सभी कोविड-19 में क्वारंटाइन को लेकर एकरूपता लाई गई है।

संचालनालय चिकित्सा शिक्षा विभाग ने पत्र जारी करते हुए कहा कि कोविड-19 वार्ड में ड्यूटी कर रहे चिकित्सा कर्मियों हाई रिस्क और लो रिस्क के आधार पर क्वारंटाइन किया जाएगा। इसमें हाई रिस्क जोन में कार्यरत चिकित्सा कर्मियों को ड्यूटी के बाद 14 दिनों तक क्वारंटाइन करना अनिवार्य होगा।

साथ ही आइसीएमआर के मापदंडों के अनुरूप कोरोना जांच भी किया जाएगा। वहीं लो रिस्क वाले चिकित्सा कर्मियों को सात दिनों तक क्वारंटाइन करने को कहा गया है। इस बीच कोरोना के लक्षण नजर आने पर तुरंत आरटीपीसीआर जांच और लक्षण न होने की स्थिति में पांचवें दिन सैंपल लिया जाएगा।

सातवें दिन रिपोर्ट निगेटिव आने पर वह कार्यस्थल पर उपस्थित हो सकेंगे। नहीं तो सात दिनों के लिए होम क्वारंटाइन में भेज दिया जाएगा। बात दें कि माना कोविड-19 अस्पताल में ड्यूटी के बाद चिकित्सा कर्मियों क्वारंटाइन न कर घर भेज दिया जा रहा था।

इस बीच स्वास्थ्य कर्मी लगातार कोरोना पॉजिटिव आने की वजह से अन्य लोगों में संक्रमण फैलने संभावनाएं तेज हो गई थी। ड्यूटी के बाद कुछ ऐसे ही संक्रमित लोगों के संपर्क में कई लोग आ गए। इसकी हिस्ट्री स्वास्थ्य विभाग अब तक नहीं खंगाल पाई है।

मरीजों को घर से लाना होगा साबुन, तेल और जरूरी सामान

कोरोना मरीजों के लिए स्वास्थ्य विभाग ने एक निर्देश जारी किए हैं। इसमें कोरोना संक्रमित मरीजों को अपने रोजमर्रा के जरूरी सामान जैसे, साबुन, तेल, कंघी, शैम्पू, चप्पल, मास्क, कपड़े समेत अन्य जरूरी सामना लाना होगा। साथ ही अस्पताल लाए जाने के दौरान आइडी कार्ड भी रखना होगा। बात दें कि पहले कोरोना वार्ड में भर्ती होने पर मरीजों को जरूरी उपयोगी सामान अस्पताल से दिया जाता था, लेकिन निर्देश के अब मरीजों को व्यवस्था करने के लिए कहा गया है।

ब्रेकिंग न्यूज़ के लिए  – 

हमारे   FACEBOOK  पेज को   LIKE   करें

सिटी न्यूज़ के   Whatsapp   ग्रुप से जुड़ें

हमारे  YOUTUBE  चैनल को  subscribe  करें

Source link