अब मुस्लिम पक्ष मंगलवार को हाई कोर्ट में याचिका दायर करेगा
बुधवार को हाई कोर्ट में सुनवाई होगी
निचली अदालत ने दिए हैं सर्वे के आदेश
वाराणसी/नई दिल्ली। वाराणसी स्थित ज्ञानवापी (Gyanvapi) परिसर में ASI सर्वे पर सोमवार को काशी से लेकर दिल्ली पर हलचल तेज रही। सबसे पहले भारतीय पुरातत्व विभाग (ASI) की 30 सदस्यीय टीम सुबह करीब 6.30 बजे ज्ञानवापी परिसर पहुंची और सर्वे कार्य शुरू कर दिया। मुस्लिम पक्ष ने इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट खुलते ही सबसे पहले सुनवाई हुई। सर्वोच्च अदालत ने तत्काल ASI का काम रोकने के लिए कहा और यूपी सरकार से 10 मिनट में रिपोर्ट मंगवाई। परिसर में ASI सर्वे की स्थिति जानने के बाद सुप्रीम कोर्ट कोर्ट ने पहले कहा कि सर्वे जारी रहे, लेकिन खोदाई ना हो। फिर मुस्लिम पक्ष समेत अन्य दलीलें सुनने के बाद कहा कि बुधवार शाम 5 बजे तक सर्वे पर रोक रहेगी। इस दौरान मुस्लिम पक्ष हाई कोर्ट में याचिका दायर करेगा।
GYANVAPI ASI SURVEY LIVE UPDATES SC ORDERS BAN ON ASI SURVEY TILL 5 PM ON WEDNESDAY\
11:55 AM वहां वाराणसी में ASI के अधिकारियों का कहना है कि जब तक आदेश की प्रति उन तक नहीं पहुंच जाती है, वे सर्वे जारी रखेगे।
ASI कर रहा आदेश का इंतजार
11:49 AM
सुप्रीम कोर्ट में मुस्लिम पक्ष की दलील सुनने के बाद सर्वे के निचली अदालत के आदेश पर बुधवार शाम 5 बजे तक रोक लगा दी।
अब मुस्लिम पक्ष मंगलवार को हाई कोर्ट में याचिका दायर करेगा, बुधवार को सुनवाई होगी। तब तक सर्वे पर रोक है।
बुधवार शाम 5 बजे तक सर्वे पर रोक
11:41 AM मुस्लिम पक्ष चाहता है कि सर्वे पर रोक लगाने का आदेश जारी हो। मुस्लिम पक्ष बुधवार तक हाई कोर्ट में याचिका दायर करेगा, तब तक सर्वे पर रोक लगाने की मांग की जा रही है। हिंदू पक्ष इसका विरोध कर रहा है।
क्या चाहता है मुस्लिम पक्ष
11:36 AM
मुस्लिम पक्ष के पास हाई कोर्ट जाने का रास्ता खुला है।
सर्वे जारी रहेगा, खोदाई नहीं होगी, लेकिन राडार व अन्य उपकरण से सर्वे होता रहेगा।
निचली अदालत ने सर्वे के अपने आदेश में कहा था कि जरूरत पड़े तो खोदाई भी की जाए।
हालांकि ASI ने सुप्रीम कोर्ट में कहा है कि वे किसी भी स्थिति में खोदाई नहीं करेंगे।
ज्ञानवापी परिसर में ASI सर्वे…जानिए आगे क्या होगा
11:25 AMएएसआई सर्वे पर यूपी सरकार की रिपोर्ट मिलने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने सर्वे पर रोक लगाने से इनकार कर दिया। हालांकि इस दौरान किसी तरह की खुदाई नहीं की जाएगी। सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के लिए अगले हफ्ते तक का समय दिया है। हिंदू पक्ष के लिए यह राहत की बात है। मुस्लिम पक्ष सर्वे पर रोक लगवाना चाहता था, लेकिन नहीं हो सका। खुदाई नहीं होगी, लेकिन उपकरणों से वैज्ञानिक सर्वेक्षण जारी रहेगा।
सर्वे मामले में सुप्रीम कोर्ट का बड़ा आदेश
11:20 AM सुप्रीम कोर्ट में फिर सुनवाई शुरू हो गई है। ASI की टीम की ओर से बताया गया है कि परिसर की किसी भी ईंट को नहीं हटाया गया है। इसलिए परिसर को नुकसान पहुंचने का सवाल ही नहीं है। सर्वे का काम नियम और कानून के मुताबिक किया जा रहा है।
सुप्रीम कोर्ट में फिर सुनवाई शुरू
11:19 AM सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर ASI ने ज्ञानवापी परिसर में सर्वे का काम रोक दिया है।
ASI ने सर्वे का काम रोका
11:13 AM
मुस्लिम पक्ष की याचिका पर सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई।
सर्वोच्च अदालत ने पूछा कि आप हाई कोर्ट क्यों गए
पहले सुनवाई के लिए 2 बजे का समय दिया, फिर ASI को रोका
ASI को 10 मिनट में बताने को कहा कि अब तक क्या-क्या किया
थोड़ी देर में फिर होगी सुनवाई
मुस्लिम पक्ष की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में ताबड़तोड़ सुनवाई
09:07 AMज्ञानवापी परिसर सर्वे को लेकर मुस्लिम पक्षकार सैयद मोहम्मद यासीन ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि हमने इसका बॉयकॉट हुआ है, हमारा वहां कोई नुमाइंदा नहीं है।
सर्वे के बीच मुस्लिम पक्ष का बड़ा बया
08:38 AMयूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य का ट्वीट%0A%0A
यूपी के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य का ट्वीट%0
%0A08:33 AM कोर्ट के आदेश के मुताबिक, ASI की टीम को जांच पूरी करके 4 अगस्त तक अपनी रिपोर्ट कोर्ट में पेश करना है। हालांकि, सर्वे का काम पूरा नहीं हो पाता है, तो इस समय सीमा को आगे बढ़ाया जा सकता है।
4 अगस्त को सौंपी जानी है रिपोर्ट
08:20 AM
ज्ञानवापी का सर्वे शुरू हो चुका है
सर्वे एक वैज्ञानिक कार्य है , सत्य को सामने लाने का
सर्वे का विरोध केवल वहीं लोग करेंगे जो कुछ छिपाना चाहते हैं
कोई भी असली धर्म निरपेक्ष आधुनिक समाज ऐसे सर्वे का स्वागत ही करेगा
सच सामने आने से धर्म को नहीं , अधर्म को डर लगता है।
सर्वे पर कपिला मिश्रा का ट्वीट
07:40 AM ‘यह हमारे लिए, हिंदू समुदाय और करोड़ों हिंदुओं के लिए एक बहुत ही गौरवशाली क्षण है। सर्वेक्षण ही इस ज्ञानवापी मुद्दे का एकमात्र संभावित समाधान है।’
याचिकाकर्ता सोहन लाल आर्य का बयान
07:39 AM
ज्ञानवापी परिसर के अंदर किसी को भी मोबाइल स्मार्ट वॉच या कोई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने पर मनाही रही। एएसआई की करीब आधा दर्जन लोगों की टीम अपने आधुनिक उपकरणों के साथ जांच करने पहुंची, तो ज्ञानवापी परिसर के आसपास पुलिस की सुरक्षा कड़ी कर दी गई। मौके पर कमिश्नर कौशल राज शर्मा और पुलिस कमिश्नर मुथा अशोक जैन भी मौजूद रहे।
सावन के तीसरे सोमवार के मौके पर बाबा दरबार में सुबह मंगला आरती के बाद भक्तों की लगी लंबी कतार लग गई।
सुबह मंगला आरती के बाद उमड़ी भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही थी। लाखों की भीड़ गंगा घाट से लेकर बाबा दरबार तक जलाभिषेक करने उमड़ी तो सुरक्षा व्यवस्था भी संभालनी मुश्किल लगने लगी।
बोल बम और डाक बम कांवरियों के लिए अलग कतार बाबा दरबार में लगाई गई तो गंगा द्वार से बाढ़ की वजह से प्रवेश प्रतिबंधित रहा। 07:36 AM
बाबा दरबार में लगी आस्था की कतार
07:31 am
ज्ञानवापी परिसर के बाहर का वीडियो
ज्ञानवापी परिसर के बाहर का वीडियो
07:29 AM
सर्वे करीब 12 बजे तक चल सकता है
सर्वे 12 बजे तक चल सकता है। इसके बाद यहां मुस्लिम समाज के लोग जुटना शुरू हो जाते हैं। ये हर दिन करीब सवा बजे नमाज अता करते हैं।
07:28 AM
हिंदू पक्ष की ओर से वकील सुधीर त्रिपाठी का बयान
‘आज ज्ञानवापी सर्वे हो रहा है। ये हमारे लिए अच्छी बात है…सर्वेक्षण सुबह 7 बजे शुरू हो हुआ है, कब तक चलेगा, कह नहीं सकते।’
07:26 AM जिला अदालत ने कहा था कि जीपीआर सर्वे, उत्खनन, आयु निर्धारण व आधुनिक तकनीक की मदद लें और पता लगाएं कि क्या परिसर में मौजूद इमारत पहले से मौजूद किसी हिंदू मंदिर के ढांचे पर बनी है।
कहीं पहले यहां मंदिर तो नहीं था..?
07:25 AM
ASI सर्वे के वाराणसी के जिला जज के आदेश के विरुद्ध मस्जिद कमेटी सुप्रीम कोर्ट पहुंची है।
मस्जिद कमेटी सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में केस मेंशन करके मामले पर जल्दी सुनवाई की गुहार लगाएगी।
कोर्ट नंबर एक की मेंशनिग लिस्ट में मस्जिद कमेटी का केस नौवें नंबर पर है।
कोर्ट नंबर एक में प्रधान न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ की पीठ बैठती है और सुबह सबसे पहले अर्जेंट मामलों की मौखिक मेंशनिग सुनी जाती है।
इसकी भी सूची जारी होती है।
ज्ञानवापी परिसर के ASI सर्वे के विरुद्ध मस्जिद कमेटी पहुंची सुप्रीम कोर्ट, सुनवाई आज
07:24 AM जिला जज ने काशी विश्वनाथ मंदिर से सटी ज्ञानवापी मस्जिद के परिसर में सर्वे के दौरान मिले शिवलिंग की जगह और कोर्ट के आदेश से सील एरिया को छोड़कर पूरे परिसर का भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) से वैज्ञानिक सर्वे कराने का आदेश दिया था।