रायपुर, छत्तीसगढ़ में कांग्रेस प्रदेश कार्यकारिणी और जिलाध्यक्षों की बैठक में कई जिलाध्यक्षों ने वरिष्ठ नेताओं की शिकायत करते हुए कहा कि जिले में कलेक्टर और SP उनकी नहीं सुनते हैं। एक जिलाध्यक्ष ने तो यहां तक कह दिया कि सरकार में कार्यकर्ताओं का ही काम नहीं हो पा रहा है। इसकी वजह से वे नाराज हैं।

कांग्रेस की इस बैठक में AICC के प्रदेश प्रभारी पीएल पुनिया, सह प्रभारी डॉ. चंदन यादव और सप्तगिरी शंकर उलका समेत जिले के अध्यक्ष शामिल हुए। बैठक में पिछले दिनों हुए आंदोलनों की समीक्षा की गई। साथ ही संगठन के मुद्दों पर बात हुई। इस दौरान कई जिलाध्यक्षों ने खुलकर अपनी नाराजगी जताई। एक जिलाध्यक्ष ने कहा, स्थानीय विधायक संगठन के साथ समन्वय बनाकर काम नहीं करते। बताया जा रहा है कि जिलाध्यक्षों की शिकायतें सुनने के बाद प्रदेश अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा कि सबकी बातों का ध्यान रखा जाएगा। कोशिश होगी कि संगठन, सरकार और प्रशासन तीनों में समन्वय के साथ काम हो। बैठक में संगठन के विस्तार और आगामी कार्यक्रमों पर भी चर्चा हुई।

पुनिया ने मांगी प्रभारियों मंत्रियों की रिपोर्ट
पीएल पुनिया ने कहा, प्रभारी मंत्री अपने जिलों में कितने दिन गए। वहां क्या-क्या काम किया। इसकी पूरी रिपोर्ट बननी चाहिए। उन्होंने जिलाध्यक्षों से ऐसी रिपोर्ट नियमित तौर पर प्रदेश कार्यालय भेजने के लिए कहा है। उन्होंने कार्यकारिणी की बैठक में नहीं आए नेताओं से कारण पूछने को कहा है।

चुनाव की तैयारी अभी से शुरू करना है

बैठक को संबोधित करते हुये छत्तीसगढ़ प्रभारी पी.एल. पुनिया ने कहा कि यह बैठक महत्वपूर्ण है। हमे अब 2023 के विधानसभा चुनाव, 2014 के लोकसभा के चुनाव की तैयारी अभी से शुरू करना है। सभी जिलों में बूथ कमेटियों को बनाने का काम युद्ध स्तर पर करना है। बूथ कमेटियां बनाने का काम सिर्फ ब्लाक अध्यक्षों के भरोसे नहीं वरिष्ठ नेताओं, जिला अध्यक्षों को खुद मानीटरिंग कर गठन करना होगा। सभी को पूरी ईमानदारी से एक टीम बनकर काम करना है। चाहे विधायक हो, जिलाध्यक्ष हो, या ब्लाक अध्यक्ष सभी का एक लक्ष्य होना चाहिये चुनाव जीतना।

दिसंबर तक 23 हजार बूथ कमेटियों का पुनर्गठन

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने कहा कि हम सबको संगठन मजबूत कर सरकार के कामों को जनता तक ले जाना है। दिसंबर तक 23 हजार से अधिक बूथ कमेटियों का पुनर्गठन हो जाना चाहिए इसके लिये हर महिने समीक्षा होगी। पूरे प्रदेश के ऐसे 3 जिलों का सम्मान दिया जायेगा जो समय से पहले बूथ कमेटी का पुनर्गठन कर लेंगे।

छत्तीसगढ अकेला राज्य जहां हर जिले में कांग्रेस भवन

प्रभारी सचिव डॉ. चंदन यादव ने कहा कि सभी को अपनी जिम्मेदारी का अहसास करना होगा। राजीव भवन के निर्माण में कोताही नहीं होनी चाहिये। पूरे भारत में छत्तीसगढ़ ऐसा अकेला राज्य होगा जहां सभी जिलों में पार्टी का दफ्तर होगा। महंगाई को लेकर जो कार्यक्रम कांग्रेसजनों ने किया वह जबरदस्त थी। जनता की आवाज के रूप में कांग्रेस ने यह कार्यक्रम किया। आगे सरकार की योजनाओं के प्रचार-प्रसार के कार्यक्रम बूथ कमेटी गठन के कार्यक्रम को गंभीरता से लेना है। हमें भाजपा की केंद्र की जनविरोधी नीतियों को उजागर करना है।

राजनीति सत्ता प्राप्ति का माध्यम नहीं

 प्रभारी सचिव सप्तगिरी शंकर उल्का ने कहा कि आउटरीच कार्यक्रम कांग्रेस का राजनैतिक काम नहीं। इस कार्यक्रम के माध्यम से कांग्रेस अपनी सामाजिक दायित्व का निर्वहन कर रही है हम लोगों के दुख के सहभागी बनना चाहते है। कांग्रेस राजनीति को सत्ता प्राप्ति का माध्यम नहीं मानती। हमारा उद्देश्य बदलाव और लोगों की सहायता करना है। सभी कार्यकर्ता पार्टी की भावना के अनुरूप काम करना है। हमारी सरकार ने छत्तीसगढ़ में कोरोना काल में बढ़िया काम किया है। कांग्रेस ने 2018 में मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान चुनाव जीता था। 2019 में पेगासस साफ्टवेयर का उपयोग कर भाजपा के कांग्रेस से जीत छीना है। भाजपा ने लोकतंत्र की हत्या किया है। देश का मूड मोदी के खिलाफ है। 

कार्यकत्ताओं की नाखुशी पर पुनिया बोले- पद कम, योग्य लोग अधिक थे तो कुछ को छूटना ही था..

प्रदेश कांग्रेस के कार्यालय राजीव भवन में एआईसीसी के छत्तीसगढ़ प्रभारी पी.एल. पुनिया, प्रभारी सचिव डॉ. चंदन यादव, सप्तगिरी शंकर उल्का एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मोहन मरकाम ने निगम मंडल आयोग के पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक ली। बैठक में प्रभारी पी.एल. पुनिया ने कहा किमै मैं मुख्यमंत्री का आभारी हूं कि उन्होने कांग्रेस के कर्मठ कार्यकर्ताओं को निगम मंडल आयोग में नियुक्ति देकर उनके मनोबल को बढ़ाया है। सभी को योग्यता के आधार पर नियुक्ति दी गयी है। ऐसा नहीं है कि आपसे ज्यादा कोई योग्य नहीं है,पदों की संख्या कम थी योग्य लोग अधिक थे कुछ को छूटना ही था पर आपकी नियुक्ति का लाभ जनता को और पार्टी को मिलना चाहिये। यह तय करना आपका काम है।