छत्तीसगढ़ के बिलासपुर रेलवे कोचिंग डिपो में शनिवार को दर्दनाक हादसा हो गया। वंदे भारत ट्रेन के अतिरिक्त कोच की धुलाई कर रहा ठेका कर्मचारी 133 केवी हाईटेंशन लाइन की चपेट में आ गया। हादसे में जांजगीर-चांपा निवासी 26 वर्षीय प्रताप बर्मन गंभीर रूप से झुलस गया है। उसे पहले रेलवे अस्पताल, फिर सिम्स और बाद में बेहतर इलाज के लिए अपोलो अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
हादसे का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें प्रताप तार की चपेट में आने के बाद तड़पते हुए दिखाई दे रहा है। साथी कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि अधिकारियों और ठेकेदार की लापरवाही से यह घटना हुई।

साथी बोले- अधिकारियों के दबाव में हुआ हादसा
घायल प्रताप के सहकर्मी चरणदास ने बताया कि वे वॉटर टेस्टिंग का काम कर रहे थे। रेलवे कर्मचारी मीणा सर ने उन्हें ऊपर चढ़कर पाइप निकालने को कहा। बारिश शुरू होने पर जब वे नीचे उतर आए तो मीणा सर ने दोबारा काम पूरा करने का दबाव बनाया। इसी दौरान प्रताप ऊपर चढ़ा और हाई वोल्टेज तार की चपेट में आ गया।
एक अन्य कर्मचारी अरुण सोनवानी ने बताया कि सफाई कार्य के दौरान आमतौर पर लाइन बंद रहती है, लेकिन इस बार वंदे भारत के आने के कारण सप्लाई चालू कर दी गई थी। इसकी जानकारी कर्मचारियों को नहीं दी गई, जिससे हादसा हुआ।

रेलवे ने जांच बैठाई
रेलवे के सीनियर DCM अनुराग सिंह ने कहा कि घायल के इलाज पर पूरी तरह ध्यान दिया जा रहा है। घटना की जांच सेफ्टी डिपार्टमेंट को सौंपी गई है और जो भी जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।