रायपुर में धर्मांतरण को लेकर रविवार को फिर तनाव की स्थिति बन गई। सरस्वती नगर थाना क्षेत्र के कुकुर बेड़ा इलाके में हिंदू संगठनों ने एक घर का घेराव कर मसीही समुदाय पर आरोप लगाया कि वे प्रार्थना सभा की आड़ में लोगों को पैसे का लालच देकर धर्म परिवर्तन करा रहे हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके से एक महिला सहित तीन लोगों को हिरासत में लिया।

हिरासत में लिए गए युवकों को थाने लाए जाने पर सरस्वती नगर थाना परिसर में ही कुछ लोगों ने उनके साथ मारपीट कर दी। पुलिस ने तुरंत हस्तक्षेप कर पीड़ितों को भीड़ से बचाया और हमलावरों के खिलाफ FIR दर्ज करने की बात कही।
हिंदू संगठनों का कहना है कि प्रार्थना सभाओं के दौरान देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी की जाती है और पैसों का लालच देकर धर्म परिवर्तन कराया जाता है। घटना की सूचना मिलते ही तीन थानों की फोर्स मौके पर भेजी गई।
स्थानीय निवासी अजय नेताम ने आरोप लगाया कि उनका भतीजा कई सालों से यीशु की पूजा कर रहा है और देर रात तक मकान में गाने बजाने के कार्यक्रम होते हैं। उनका कहना है कि अनजान लोग आकर उनके भतीजे का ब्रेनवॉश कर रहे थे, जिससे विवाद बढ़ा।
छत्तीसगढ़ में धर्मांतरण को लेकर पिछले कुछ वर्षों से हिंदू और ईसाई समुदायों के बीच टकराव की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। आंकड़ों के अनुसार 2021 से अब तक राज्य में ऐसे 102 मामले दर्ज हुए हैं, जिनमें 44 FIR हुईं और सिर्फ पिछले एक साल में 23 मामले सामने आए। कोरबा, बलरामपुर, महासमुंद, दुर्ग और बिलासपुर ऐसे विवादों के प्रमुख केंद्र माने जा रहे हैं।