दुर्ग जिले में पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए ऐसे तीन ठगों को गिरफ्तार किया है, जो खुद को फर्जी क्राइम ब्रांच अधिकारी बताकर लोगों से अवैध वसूली कर रहे थे। आरोपियों ने भिलाई नगर निगम के जोन-5 में पदस्थ लेखापाल अधिकारी को मोबाइल चोरी के झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर 24 हजार रुपये वसूले थे।
शिकायत मिलने के बाद स्मृति नगर पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। छानबीन के बाद मुख्य आरोपी भूपेन्द्र सोनी के साथ उसके साथी वेदांत और अमन को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में उन्होंने खुलासा किया कि उन्होंने अपने गैंग के साथ मिलकर पीड़ित को इमली तालाब के पास बुलाया और वहां मारपीट कर उसे धमकाया कि अगर पैसे नहीं दिए तो उसे झूठे केस में फंसा दिया जाएगा।
डर के मारे पीड़ित अधिकारी ने आरोपियों को 24 हजार रुपये दे दिए, जिसे बाद में उन्होंने आपस में बांट लिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से दो बाइक, तीन मोबाइल फोन और तीन हजार रुपये नकद भी बरामद किए हैं।
गिरफ्तार मुख्य आरोपी भूपेन्द्र सोनी के खिलाफ पूर्व में भी स्मृति नगर और जामुल थाना क्षेत्र में कुल छह आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस अब गैंग के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश में है कि उन्होंने और किन लोगों को इस तरह से ठगा है।