सिटी न्यूज रायपुर

छत्तीसगढ़ के राजधानी में जब कानून का यह हाल है तो दुरांचल का अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है,,  राजधानी रायपुर के खम्हारडीह थाना में विगत 15 दिन पहले  25 जनवरी 2021 को पीडिता के शिकायत पर बहुत कोशिश के बाद सूक्ष्म  जांच पडताल के बाद अंतत: आरोपी ओमन साहू पिता बाबूलाल साहू निवासी कचना के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई,   एफआईआर अपराध क्रमांक IPC धारा 376 दिनांक 25 /01/ 2021 को यानि 15 दिन पहले जुर्म दर्ज होने के बावजूद आज तक अपराधी खुले आम शहर भर में घूम रहा है और कानून की धज्जियां उडाते हुवे पुलिस के सामने कल ही वह ब्लात्कारी एक अन्य लडकी की जिंदगी खराब करने शादी भी कर रहा है, यह जानते हुवे भी  कि जो संगीन अपराध आरोपी ने किया है उसमें कम से कम आरोपी को दस साल का जेल होगा, फिर भी एक और लडकी का जीवन बर्बाद करने जा रहा है,, सबसे दुखद पहलु यह है कि 376.का अपराध दर्ज होने के बावजूद खम्हारडीह थाना के महिला थाना प्रभारी उल्टा पीडिता को ही ब्लैकमेलिंग की केस लगाकर अंदर करने की धमकी देती है, बताया जा रहा है कि आरोपी खुलेआम चैलेंज करते फिरता है कि उन्होंने पुलिस के मुंह में नोटो का बंडल ठूंस दिया है, यही कारण है कि पुलिस अपराधी को गिरफ्तार करने के बजाय पीडिता को ही धमका रही है,, उपर से आरोपी को शादी करके एक और गुनाह करने का अवसर देकर उसे संरक्षण दे रही है ,, पुलिसिया अन्याय से त्रस्त और दर्दनाक सामाजिक परिस्थिति से गुजर रहे पीडित परिवार को न्याय के लिये दर दर भटकना पड रहा है ,, टी.आई. द्वारा  न्याय की उम्मीद समाप्त होने पर आज पीडिता अपने पिता के साथ रायपुर पुलिस के वरिष्ठ अधीक्षक के पास न्याय की गुहार लगाऩे पहुंची,, किंतु ssp के नही मिलने से वहां मौजूद पुलिस के महिला अधिकारी से मुलाकात हुई जिन्होनें पीडिता को सुना और ये कहकर वापस भेज दिया कि आरोपी लड़के के शादी होने के बाद उसे गिरफ्तार किया जाएगा,, परन्तु सवाल यह उठता है कि पुलिस के जिम्मेदार उच्च अधिकारी का संवेदनशील मामले में पीडिता को गैरजिम्मेदाराना जवाब ने राजधानी में कानून और संविधान का मजाक बनाकर रख दिया है  !!