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छत्तीसगढ –  बिलासपुर में  पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री डा रमन सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ में कोविड-19 कोरोनावायरस को गंभीरता से नहीं लिया गया। जिसके कारण ही आज यह गंभीर स्थिति में आ पहुंचा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि देश के सभी राज्यों की तुलना में छत्तीसगढ़ के क्वॉरेंटाइन सेंटर में जबरदस्त अव्यवस्था का आलम देखा जा रहा है। यह पहला ऐसा प्रदेश है जहां क्वॉरेंटाइन सेंटर में रखे गया प्रवासी मजदूर की सांप काटने से मौत हो गई।

वहीं एक प्रवासी मजदूर ने फांसी पर लटक कर जान दे दी। इसी तरह इन सेंटरों में कुल 10 लोगों की मौत हुई है। डॉ रमन सिंह ने कहा कि प्रदेश में क्वॉरेंटिन सेंटरों को सरपंचों के भरोसे छोड़ दिया गया।वहां न भोजन की व्यवस्था है ना पानी की व्यवस्था है और ना ही किसी तरह का कोई इंतजाम है।

लाक डाउन के कारण देश के विभिन्न राज्यों में फंसे छत्तीसगढ़ के प्रवासी मजदूरों को छत्तीसगढ़ लाने के मामले में भी यहां किसी प्रकार का क्वार्डिनेशन नहीं होने का आरोप भी उनके द्वारा लगाया गया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी की सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला वर्ष समाप्त होने पर शुरू हुए महा-जनसंपर्क अभियान के तहत बिलासपुर पहुंचे प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने जहां सिलसिलेवार ढंग से केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। वही कोरोनावायरस कोविड-19 के मामले में प्रदेश सरकार पर कुप्रबंधन समेत अनेक प्रकार के ताबड़तोड़ आरोप लगाए।

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पहले कार्यकाल और दूसरे कार्यकाल के पहले वर्ष की पूर्णता पर केंद्र सरकार की उपलब्धियों का जमकर बखान किया।उन्हें एक-एक कर केंद्र सरकार की ऐसी तमाम योजनाओं का जिक्र किया, जिसने देश की सूरत और सीरत बदलने में क्रांतिकारी सफलता अर्जित की। केंद्र की मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहले वर्ष की समाप्ति पर भाजपा द्वारा देशभर में शुरू किए गए !

महा जनसंपर्क अभियान का जिक्र करते हुए डॉ सिंह ने कहा कि इस दौरान पूरे देश में 10 करोड़ और छत्तीसगढ़ में 25 लाख परिवारों तक भाजपा के कार्यकर्ता पहुंच कर उन्हें प्रधानमंत्री का पत्र और केंद्र सरकार द्वारा किए गए कार्यों का एक पंपलेट सौंपेंगे।

इस तरह 2-2 की संख्या में  घरों-घर जाने वाले कार्यकर्ता सोशल डिस्टेंसिंग का पूरा ध्यान रखते हुए लोगों को केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किए गए कार्यों की जानकारी देंगे।

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में जल्द ही एक वर्चुअल रैली का भी आयोजन किया जाएगा। जिसमें किसी केंद्रीय नेता के द्वारा प्रदेश के 40 हजार से अधिक कार्यकर्ताओं को संबोधित किया जाएगा।